Boyfriend BDSM sex story – Strap on chudai sex story – Penis cage sex story: सेक्स फंतासी स्टोरी में पढ़ें कि मैं अपने बॉयफ्रेंड के साथ अपनी मर्जी से उसको दर्द और तकलीफ देकर जंगली सेक्स का मजा लेना चाहती थी। तो मैंने क्या किया?
हाय फ्रेंड्स, मेरा नाम निशा है, आपने मेरे बारे में पिछली कहानियों में पढ़ा होगा। जिस पाठक या पाठिका ने इससे पहले की दोनों कहानियां नहीं पढ़ी हैं, वो उन्हें पहले पढ़ लें।
उपरोक्त दोनों सेक्स कहानी के बाद मुझे बहुत सारे ईमेल आए, आप सभी को सेक्स कहानी काफी पसंद आई। इसके लिए मैं सभी पाठकों का धन्यवाद करना चाहूंगी।
कहानी का पिछला भाग: स्कूटी वाली हॉट गर्लफ्रेंड की चुदाई -2
अब तक की उन दोनों सेक्स कहानी को राहुल ने लिखा था।
वो आगे की घटना भी लिखना चाहता था लेकिन मैंने ही उसे इस बारे में ज्यादा न बताने के लिए कहा था।
क्योंकि इसके आगे मैं खुद लिखना चाहती थी। राहुल आपको इस बारे में बता देता, तो आपको पढ़ने में उतना मजा नहीं आता।
अब ये मेरी जुबानी आगे की सेक्स फंतासी स्टोरी पेश है।
पहले मेरा परिचय, मेरा नाम निशा है। मैं अमरावती शहर की रहने वाली हूं।
मेरे घर में मैं और मेरे मम्मी और पापा हैं। मैं उनकी इकलौती औलाद हूं। मेरे पापा मेरी हर ख्वाहिश पूरी करते हैं। पापा डॉक्टर हैं और मम्मी भी, दोनों क्लिनिक संभालते हैं। इस वजह से मैं कॉलेज के बाद रात 8 बजे तक घर पर अकेली ही रहती हूं। घर काम के लिए एक मेड है।
मैं अपने शरीर पर बहुत ध्यान देती हूं, सुबह जॉगिंग, फिर योगा मेरा डेली रूटीन है।
घर में ही हमारा जिम है। मम्मी भी अपनी फिटनेस पर बहुत ज्यादा ध्यान देती हैं। मम्मी को देखते देखते मुझे भी जॉगिंग, योगा, जिम की आदत हो गई है। जिससे मेरा शरीर बहुत ही सेक्सी हो गया है।
मेरा साइज 34-28-36 का है, जो राहुल को बहुत पसंद है।
कॉलेज में मेरी बहुत सी सहेलियां थीं, वो अपने बॉयफ्रेंड के साथ सेक्स भी कर चुकी थीं।
चुदने के बाद वो मुझे सब बताती थीं कि चुदाई में उनके साथ क्या हुआ, अपने बॉयफ्रेंड के लंड के साथ कैसे सेक्स किया।
ये सब सुनकर मेरा भी मन करने लगा था कि मेरा भी कोई बॉयफ्रेंड हो और हम दोनों हर तरह से एंजॉय करें।
लेकिन मुझे मेरी तरह कोई चाहिए था, जो हमेशा मेरा रहे, रियल लाइफ में मैं उसकी तरह रहूं, जैसी मैं उसे पसंद हूं, और हम दोनों की सेक्स लाइफ मेरी मर्जी से चले।
जब भी मैं घर में अकेली होती, तो मैं अपनी चूत को उंगलियों से शांत कर लेती थी।
मुझे सेक्स वीडियो देखने में बहुत मजा आता था। उसमें मुझे जानकारी मिलती थी कि सेक्स कैसे करते हैं, अपने साथी को कैसे खुश करते हैं।
वो सब सेक्स वीडियोज देख कर ही मैंने सेक्स सीखा।
मुझे अपने साथी के साथ बीडीएसएम सेक्स बहुत पसंद आया था। इस तरह के सेक्स में उसे रस्सियों से जकड़ कर अपने हिसाब से सेक्स करना, सेक्स स्लेव की तरह उसे यूज करना, सेक्सी ब्रा पैंटी, थोंग पैंटी पहनना आदि पसंद आने लगा था।
मैं ऐसे ही किसी के साथ भी सेक्स नहीं करना चाहती थी, लेकिन जो कुछ भी हुआ था उसे आपने अब तक पिछली कहानियों में पढ़ा था।
उन कहानियों के अनुसार आपने पढ़ा था कि एक दिन मेरा एग्जाम था। मैं स्कूटी से जल्दी में जा रही थी और राहुल नाम के लड़के से मेरा एक्सीडेंट हो गया था।
उसके बाद राहुल मेरा बॉयफ्रेंड बन गया था और उससे नजदीकियां बढ़ने के बाद उसने मुझे चोदा था।
अब आगे:
राहुल अब जब तब मुझे चोदने लगा था। मुझे भी उससे चुदने में मजा आने लगा था।
एक दिन राहुल का कॉल आया। उसने मुझसे 2 बजे अपने घर पर मिलने के लिए कहा।
मुझे पता था कि उसके घर पर कोई नहीं है।
कुछ दिन पहले मैं उसके घर गई थी, तब आंटी ने बताया था कि वो सभी औरंगाबाद जाने वाले हैं।
मैं समझ गई थी कि आज राहुल मुझे फिर से चोदने वाला है।
उसने मुझे घर बुलाया था तो मैं उससे चुदने की तैयारी करने लगी।
मैंने पहले पार्लर जाकर बॉडी की वैक्सिंग करवाई। अपनी चूत पर उगी झांटों को साफ करवाया।
मैं आज राहुल के लिए कुछ खास तरीके से तैयार होना चाहती थी।
पार्लर से आने के बाद नहाने के लिए बाथरूम में घुस गई। मेरी बॉडी वैक्सिंग के बाद चमक रही थी।
मैंने शावर लिया और बाहर आकर एक सेक्सी सी ब्रा और पैंटी पहन ली। जिसमें मुझे राहुल देखे, तो देखता ही रह जाए।
फिर वन पीस टॉप पहना, जो मेरे घुटनों तक था, अच्छा सा मेकअप किया।
दो बजने वाले थे, तो राहुल के घर के लिए निकल गई।
वहां हम दोनों ने सेक्स किया और सो गए। ये आप सभी को पता है कि राहुल मेरा सेक्स स्लेव बनने के लिए रेडी हो गया था।
मैं बहुत खुश थी कि मुझे ऐसा बॉयफ्रेंड मिला था, जिसके साथ मैं अपनी सेक्स फैंटसी पूरी कर सकूं।
दूसरे दिन मैंने राहुल को अपने घर बुलाया। मुझे कुछ ऑनलाइन शॉपिंग करनी थी। सेक्स टॉयज, पैंटी-ब्रा, बीडीएसएम टॉयज, राहुल के लिए सेक्सी वाली अंडरवियर, वो नॉर्मल यूज करता है।
इस तरह के सेक्स के लिए मैंने बहुत सारी साइट्स देखीं और बहुत चीजें मंगानी थीं।
मैंने सोचा कि क्यों ना कैट कॉस्ट्यूम मंगाया जाए, जो बीडीएसएम में इस्तेमाल होता है, जिसमें कैट ईयर्स, कॉलर, और बट प्लग के साथ फॉक्स फर टेल होती है, जो एनल प्लग से जुड़ी होती है, ताकि रोलप्ले में कैट गर्ल या किटन प्ले किया जा सके। और पेनिस केज, ऐसी और बहुत सारी चीजें मुझे लेनी थीं।
मुझे अपनी सेक्स फैंटसी राहुल के साथ पूरी करनी थी क्योंकि मुझे डर्टी सेक्स पसंद है।
मुझे लंड पर चॉकलेट लगा कर लंड चूसना बहुत पसंद है।
मैं ऐसे ही सोच रही थी कि राहुल के साथ ये सब मुझे करना है। उतने में राहुल घर आ गया।
उस समय मम्मी टीवी देख रही थीं, उन्हें लगा राहुल नोट्स के लिए आया है।
राहुल मेरे रूम में आ गया।
हम दोनों ने किस किया और जो मैंने ऑनलाइन सामान मंगवाना था, वो सब राहुल को नेट पर दिखाया।
राहुल ने ये सब देख कर कहा, “ये सब किस लिए?”
उसे मैंने अपना वादा याद दिलाया, तो उसने कुछ नहीं कहा।
राहुल को ऐसा देख कर मुझे अच्छा लग रहा था। वो मेरी हर बात मान रहा था।
मैंने ये सब सामान राहुल के घर के पते पर बुक करवा दिया और इसके बाद मैं उठ कर बाहर मम्मी को देखने के लिए गई कि वो क्या कर रही हैं।
मम्मी अब भी टीवी में मशगूल थी।
मैं वापस आई और राहुल को किस करके कहा, “चलो मेरे स्लेव, मेरी चूत चाटो।”
मैंने अपना पजामा नीचे किया और उसको चूत चाटने को कहा।
उसने मेरी चूत बहुत अच्छे से चाट ली। कुछ देर बाद मैं उसके मुंह में ही झड़ गई।
मैंने उसका सर अपनी चूत पर दबा दिया, वो मेरी चूत से निकला सब माल पी गया।
अब मुझे भी उसका रस पीना था।
उसे उससे लंड बाहर निकालने के लिए कहा।
मैं डर भी रही थी कि कहीं मम्मी ना आ जाएं।
तो मैंने उसे चैन खोल कर ही लंड बाहर निकालने को कहा।
उसने चैन खोल कर लंड निकाल दिया।
मैं वैसे ही उसके लंड को मुंह में लेकर चूसने लगी। मुझे लंड चूसने में बहुत मजा आ रहा था।
कुछ देर बाद वो भी मेरे मुंह में ही झड़ गया और मैं उसका सारा कर सारा वीर्य पी गई।
मुझे राहुल का वीर्य पीने में मजा आ रहा था।
इसके बाद राहुल घर चला गया।
राहुल ने दो दिन बाद मुझे बताया कि उसके मम्मी पापा 2 दिन के लिए घर पर नहीं हैं।
हम दोनों ने जो आर्डर किया था, वो सब सामान भी एक बजे तक आने वाला था।
मुझे कल रात भर राहुल के साथ कल क्या क्या करना है, ये सोच सोच कर मैं चूत में उंगली करते हुए सो गई।
अगले दिन मैं लेट उठी, तब तक मॉम डैड हॉस्पिटल जा चुके थे।
अभी एक बज रहा था।
मैं जल्दी जल्दी तैयार होकर 2.30 बजे करीब राहुल के घर पहुंच गई। जो सामान मैंने आर्डर किया था, वो भी आ गया था।
मुझे पता था कि राहुल घर पर अकेला है, तो राहुल ने जैसे ही दरवाजा खोला, मैं उसे पकड़ कर किस करने लगी।
राहुल इसके लिए तैयार नहीं था, वो एकदम से अचकचा गया।
मगर उसने जैसे तैसे दरवाजा बंद किया और हम दोनों वहीं शुरू हो गए।
मैंने स्कर्ट और टॉप पहना हुआ था। ये स्कर्ट मेरे घुटनों के ऊपर तक था। मैंने राहुल को किस करते हुए उसको धकेला और मैं सोफे पर बैठ गई।
आज मैंने ब्लैक कलर की ब्रा और थोंग पैंटी पहनी हुई थी।
मैंने अपनी दोनों टांगें खोल कर राहुल से कहा, “चल मेरे कुत्ते, मेरी चूत चाट।”
उससे जब मैंने ऐसा कहा, तो राहुल मेरी ओर देख रहा था।
मैं बोली, “बेबी यू आर माय डॉगी ना!”
राहुल बोला, “या बेबी।”
मैं बोली, “तो ऐसे शब्द सेक्स करते वक्त बोलूं, तो तुम बुरा नहीं मानोगे ना!”
राहुल बोला, “नहीं मानूंगा बेबी।”
मैं बोली, “तो चल मेरे कुत्ते, अब चालू हो जा।”
वैसे ही मैंने स्कर्ट ऊपर उठा ली और थोंग के ऊपर से ही राहुल को अपनी चूत पर खींच लिया।
वो बड़े मजे से मेरी चूत को चाट रहा था। मुझे इस समय बहुत मजा आ रहा था।
राहुल ने पैंटी को थोड़ा साइड किया और चूत को जोर जोर से चूसने लगा।
मुझे अपने ऊपर काबू नहीं रहा। मैं उससे बोले जा रही थी, “आह, मेरे कुत्ते, और जोर से चूत चाट… मेरे गुलाम आह चूस जोर से… ओह्ह… हम्मम बेबी… और जोर से!”
वो पूरे मनोयोग से चूत चाटता रहा और मैंने अकड़कर अपनी चूत से रस झाड़ दिया।
मैं झड़ी तो मैंने राहुल के सर को दोनों पैरों से जकड़ लिया जब तक कि वो मेरा वीर्य पी ना जाए।
वो ऐसे ही चूत को चाटता रहा और मेरी चूत को एकदम साफ कर दिया।
फिर मैं उठी और उसे दूर किया।
अब जो सामान आया था, मैंने उससे वो सब दिखाने को कहा।
सब सामान ठीक से आ गया था।
राहुल स्ट्रैपऑन और पेनिस केज देख कर कहने लगा, “डॉल, ये सब किसलिए!”
मैंने उससे कहा, “ये सब तुम्हारे लिए है बेबी।”
वो बोला, “ओके, चलो कमरे में चलते हैं।”
हम दोनों राहुल के रूम में आ गए। मैंने रूम में जाते से राहुल को बेड पर धकेल दिया।
राहुल बोला, “निशु, तुम बहुत सेक्स के लिए भूखी दिख रही हो!”
मैं बोली, “हां इतने दिनों तक जो मैंने इस चूत को संभाल कर रखा था, और ऐसी चूत तुम्हें मिली, जिसे किसी ने छुआ भी नहीं है। मैं तुम्हारे इसी लंड से चूत की सील तुड़वाई है। तो आज तुम्हें भी तो मेरे लिए कुछ करना होगा ना!”
राहुल बोला, “बेबी मैं तुम्हारा कुत्ता हूं, जो चाहे करवा लो मेरी जान।”
मैं बोली, “ओके, सुनो तुम आज किसी बात के लिए मना नहीं करोगे। सेक्स लाइफ मेरे हिसाब से चलेगी। तुम मेरे सेक्स स्लेव बन कर रहोगे।”
राहुल बोला, “जैसा आप कहें मैडम।”
वो बेड पर लेटे लेटे कहने लगा।
मैंने उसे बेड पर सीधे लेटने को कहा और उसके कपड़े निकाल दिए।
उसने मेरी आर्डर की हुई अंडरवियर पहनी थी, तो वो थोड़ा शर्मा रहा था क्योंकि मैंने उसके लिए भी लड़कों के लिए जो थोंग आती है, वो आर्डर की थी। ये उसके लंड को ही कवर कर रही थी। ब्लैक कलर की थोंग में राहुल मस्त लग रहा था।
मैंने वैसे ही बेड के चारों कोनों से राहुल हाथ और पैर बांध दिए।
फिर उसकी अंडरवियर के साइड से उसका लंड बाहर निकाल लिया।
अंडरवियर को पकड़ कर ऊपर की ओर थोड़ा जोर से खींच लिया, जिसे उसके चूतड़ों के बीच में दर्द हो।
वो बंधा हुआ था इसलिए कुछ नहीं कर सकता था।
मुझे मजा आ रहा था।
फिर मैंने भी जल्दी से टॉप और स्कर्ट उतार कर बाजू में फेंक दिए और उसके लंड को मुंह में लेकर जोर जोर से चूसने लगी।
मुझे उसे जल्दी से झड़ाना था। मुझे उसका वीर्य पीना था। मैं लंड चूसते समय उसके लंड को बीच बीच में हल्के से काट रही थी, जिससे वो दर्द से तड़प रहा था।
मैं एक हाथ से उसके टट्टों को मसल रही थी, जिससे वो बहुत छटपटा रहा था। ऐसे ही वो थोड़ी देर बाद झड़ गया तो मैं उसका सारा वीर्य पी गई। उसका लंड झड़ कर छोटा सा हो गया था। जैसे ही लंड छोटा हुआ, मैंने उसके लंड पर पेनिस केज लगा दिया और लॉक कर दिया।
पेनिस केज एक चेस्टिटी डिवाइस था, जो मेटल का बना हुआ था, जिसमें लंड को पूरी तरह लॉक किया जाता है ताकि इरेक्शन न हो सके, बीडीएसएम में इस्तेमाल होता है जहां पार्टनर को ऑर्गेज्म डिनायल किया जाता है।
ऐसा करते हुए देख कर राहुल मुझसे बार बार बोले जा रहा था, “ऐसे सेक्स मत करो प्लीज।”
मगर मैं कहां सुनने के मूड में थी। मैंने अपनी पैंटी उतारी और उसके मुंह में ठूंस दी और उसके मुंह पर टेप लगा कर बंद कर दिया।
अब मैंने उससे कहा, “बेबी, मैं जो कर रही हूं, करने दो ना प्लीज।”
मैं उसके शरीर पर किस करने लगी।
मैंने जब स्ट्रैपऑन उठाया, तो उसकी आंखें फटी की फटी रह गईं। मैंने अपनी कमर पर स्ट्रैपऑन पहना, उसमें 8 इंच लंबा 2.5 इंच मोटा सिलिकॉन से बना हुआ बड़ा लंड था और वो 3 इंच मेरी चूत में भी घुस गया था।
ऐसा करते हुए देख राहुल मुझे ऐसे सेक्स मत करो बार बार बोले जा रहा था।
मैंने पैंटी उतारी और उसके मुंह में ठूंस दिया। और उसके मुंह पर टेप लगा कर बंद कर दिया।
अब मैंने उससे कहा, “बेबी, मैं जो कर रही हूं करने दो ना प्लीज।”
मैं उसके शरीर पर किस करने लगी। मैंने जब स्ट्रैपऑन हिलाया, तो उसकी आंखें फटी की फटी रह गईं।
मैंने पोर्न वीडियोज में देखा था कि स्ट्रैपऑन से कैसे एक लड़की एक लड़के के साथ सेक्स करती है।
ये मेरी सेक्स फैंटसी थी।
मुझे आज अपने बॉयफ्रेंड की इस तरह से चुदाई करनी थी कि वो भी याद रखे कि निशा की जवानी क्या चीज है।
मैंने पहले राहुल की गांड पर थोड़ा ल्यूब लगाया, क्योंकि ये उसका पहला टाइम था। वो छटपटा रहा था, लेकिन बंधा हुआ था। मैंने स्ट्रैपऑन का टिप उसकी गांड पर रगड़ा, हल्के से दबाया। वो मुंह बंद होने से सिर्फ “उम्म… उम्म…” की आवाज निकाल रहा था। मैंने धीरे से धक्का दिया, टिप अंदर गया, वो तड़प उठा, “उम्म… उम्म…” मैं रुकी, उसके चूतड़ सहलाए, फिर थोड़ा और धक्का। आधा अंदर, वो कसमसा रहा था, दर्द से आंखों में आंसू। मैं बोली, “बेबी, रिलैक्स करो, मजा आएगा।” फिर पूरा धक्का, सारा स्ट्रैपऑन अंदर। वो चीखने की कोशिश कर रहा था लेकिन मुंह बंद। मैंने धीरे-धीरे अंदर-बाहर करना शुरू किया, “पच-पच” की आवाज आने लगी। वो पहले दर्द से तड़पा, फिर शांत हुआ, शायद मजा आने लगा। मैं स्पीड बढ़ाई, उसके बाल पकड़कर जोर-जोर से ठोकने लगी, “आह… मेरे स्लेव, तेरी गांड कितनी टाइट है… ले मेरा लंड… आह्ह…” वो “उम्म… उम्म…” कर रहा था। मैंने 10 मिनट तक चोदा, मेरी चूत में लगा हिस्सा मुझे भी उत्तेजित कर रहा था, मैं झड़ गई, “आह्ह ऊईई… राहुल…” फिर मैंने निकाला। वो हांफ रहा था।
मैंने उसके मुंह से टेप और पैंटी निकाली, वो बोला, “निशु, ये क्या था… दर्द हुआ लेकिन… मजा भी आया।” मैं हंसकर बोली, “ये शुरुआत है बेबी।” फिर मैंने कैट कॉस्ट्यूम निकाला, कैट ईयर्स, कॉलर, और बट प्लग टेल, जो फॉक्स फर से बनी टेल थी जो एनल प्लग से जुड़ी थी। मैंने उसे पहनाया, प्लग उसकी गांड में डाला, वो सिसकारी, “आह्ह… धीरे…” मैं बोली, “अब तू मेरी कैट है, म्याऊं कर।” वो शर्मा कर बोला, “म्याऊं…” मैंने उसे चूत चटवाई, वो टेल लगी गांड हिलाते हुए चाट रहा था, “आह्ह राहुल… और चाट… मेरी कैट… ओह्ह इह्ह…” मैं फिर झड़ गई।
दोस्तो, आपको मेरी सेक्स फंतासी स्टोरी कैसी लग रही है।
कहानी का अगला भाग: स्ट्रैपऑन से बॉयफ्रेंड की गांड फाड़कर बदला लिया